झारखंड में बढ़ती गर्मी और हीटवेव के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शनिवार को राज्य के सभी सरकारी कार्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर आम जनों के लिए पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से जल संकट वाले क्षेत्रों में त्वरित राहत पहुंचाने और पेयजल की कमी को दूर करने को कहा है।
भीषण गर्मी को लेकर मुख्यमंत्री गंभीर, सभी उपायुक्तों और अधिकारियों को संवेदनशीलता बरतने के निर्देश
रांची — झारखंड में लगातार बढ़ती गर्मी और भीषण हीटवेव की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य के प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट किया है। मुख्यमंत्री ने शनिवार को राज्य के सभी जिलों के उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों, थाना प्रभारियों, अंचल अधिकारियों (सीओ), प्रखंड विकास अधिकारियों (बीडीओ), पंचायत प्रतिनिधियों और सभी सरकारी कार्यालयों को एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी अपने-अपने कार्यालयों के बाहर और सार्वजनिक स्थानों पर आम जनता के लिए तत्काल पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करें।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने यह भी हिदायत दी है कि पानी की व्यवस्था किए जाने वाले स्थानों पर स्पष्ट रूप से सूचना भी प्रदर्शित की जाए, ताकि वहां से गुजरने वाले राहगीरों और आम लोगों को इसकी जानकारी मिल सके और उन्हें इस भीषण गर्मी में समय पर राहत मिल सके।
जल संकट वाले क्षेत्रों में टैंकरों और चापाकल मरम्मत के जरिए मिलेगी राहत
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य के सभी उपायुक्तों (डीसी) को विशेष रूप से निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने जिलों में जल संकट वाले क्षेत्रों की निरंतर निगरानी करें। जहां कहीं भी पानी की किल्लत या जल संकट की स्थिति उत्पन्न हो, वहां बिना किसी देरी के तत्काल टैंकरों के माध्यम से जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में खराब पड़े चापाकलों की त्वरित मरम्मत कराई जाए और आवश्यकतानुसार अन्य वैकल्पिक व्यवस्थाएं भी लागू की जाएं।
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को सचेत करते हुए कहा कि राज्य के किसी भी गांव, टोला या मोहल्ले में पेयजल की कमी के कारण आम लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने इसे प्रशासन की सामूहिक जिम्मेदारी बताया है।
प्रशासन संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण के साथ करे कार्य: मुख्यमंत्री
राज्य के सभी थानों और प्रखंड कार्यालयों को भी निर्देश जारी
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि भीषण गर्मी के इस दौर में पूरे राज्य के प्रशासनिक अमले को पूरी संवेदनशीलता, तत्परता और मानवीय दृष्टिकोण के साथ कार्य करने की आवश्यकता है। यह निर्देश राज्य के सभी सरकारी विभागों सहित थाना स्तर और पंचायत स्तर तक के जनप्रतिनिधियों पर समान रूप से लागू होगा, ताकि जमीनी स्तर पर आम लोगों को हीटवेव के प्रकोप से बचाया जा सके और जल संकट से तुरंत राहत दी जा सके।
