राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को ओडिशा के रायरंगपुर में 47,600 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का संयुक्त रूप से शिलान्यास और लोकार्पण किया। ओडिशा में भाजपा सरकार के दो साल पूरे होने के अवसर पर ऊर्जा, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा सहित कई प्रमुख क्षेत्रों को यह सौगात दी गई है।
ओडिशा में भाजपा सरकार के 2 साल पूरे, मुर्मू और मोदी ने दी विकास परियोजनाओं की बड़ी सौगात
रायरंगपुर: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को ओडिशा में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 47,600 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की विकास परियोजनाओं का संयुक्त रूप से शिलान्यास और लोकार्पण किया। अधिकारियों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इन योजनाओं का मुख्य उद्देश्य राज्यभर में कनेक्टिविटी में सुधार लाना, बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करना, ऊर्जा सुरक्षा को बढ़ावा देना तथा रोजगार के नए अवसर सृजित करना है।
भारत मंथन लाइव न्यूज़ को मिले एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, ऊर्जा, औद्योगिक अवसंरचना, सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और सिंचाई जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों से संबंधित इन परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण ओडिशा में भाजपा सरकार के दो साल पूरे होने के ऐतिहासिक मौके पर किया गया है।
ऊर्जा और औद्योगिक क्षेत्र को बढ़ावा: रखी गई कई बड़ी आधारशिलाएं
इस भव्य आयोजन के दौरान जिन प्रमुख परियोजनाओं की आधारशिला रखी गई, उनमें 600 मेगावाट की ऊपरी इंद्रावती पंप भंडारण परियोजना तथा आईबी ताप विद्युत संयंत्र का चरण-द्वितीय शामिल है। इस ताप विद्युत संयंत्र में दो 660 मेगावाट की इकाइयां स्थापित की जाएंगी।
इसके साथ ही, झारसुगुड़ा जिले के लखनपुर में ‘भारत कोल गैसीफिकेशन एंड केमिकल्स लिमिटेड’ परियोजना की भी आधारशिला रखी गई। पर्यावरण और बुनियादी ढांचे से जुड़े अन्य कार्यों में भुवनेश्वर में प्रतिदिन 300 टन क्षमता वाला नगरपालिका ठोस अपशिष्ट आधारित संपीड़ित बायोगैस संयंत्र, भुवनेश्वर और कटक को जोड़ने वाला काठजोड़ी नदी पर एक नया पुल, तथा बौध जिले में ढलपुर-हरभंगा सड़क का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण कार्य शामिल हैं।
रेलवे और स्वास्थ्य क्षेत्र को मिली मजबूती, राष्ट्र को समर्पित हुईं योजनाएं
बयान के अनुसार, परिवहन व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए लगभग 732 करोड़ रुपये मूल्य की दो रेलवे परियोजनाएं भी राष्ट्र को समर्पित की गईं। इनमें 19 किलोमीटर लंबी जखपुरा-जाजपुर क्योंझर रोड–बैतरणी रोड परियोजना प्रमुख है, जिससे अत्यधिक व्यस्त हावड़ा-चेन्नई मुख्य लाइन पर भीड़भाड़ कम होने की उम्मीद है। इससे यात्री और माल ढुलाई दोनों की आवाजाही में बड़ा सुधार होगा।
इसके अतिरिक्त, दोनों शीर्ष नेताओं ने बौध में 300 बिस्तरों वाले जिला मुख्यालय अस्पताल भवन, 24 अटल बस स्टैंड और विभिन्न जिलों में नौ स्वचालित परीक्षण केंद्रों का भी डिजिटल माध्यम से उद्घाटन किया। अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं में राष्ट्रीय राजमार्ग-57 पर नयागढ़ टाउन बाईपास और रायरंगपुर में एक खेल परिसर तथा जनजातीय अनुसंधान केंद्र का निर्माण शामिल है।
