जमशेदपुर के MGM मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में 6 अप्रैल 2026 को जूनियर डॉक्टरों ने स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर हड़ताल की। सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक चली इस हड़ताल से OPD सेवाएं पूरी तरह ठप रहीं, जिससे मरीजों को परेशानी हुई। प्रशासन के आश्वासन के बाद सेवाएं बहाल हुईं।
जमशेदपुर MGM अस्पताल में जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल
जमशेदपुर: महात्मा गांधी मेमोरियल (MGM) मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में सोमवार को जूनियर डॉक्टरों ने स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर सांकेतिक हड़ताल की। डॉक्टरों ने सुबह 8 बजे से काम का बहिष्कार करते हुए अस्पताल परिसर में प्रदर्शन शुरू किया।
छह घंटे तक OPD सेवाएं पूरी तरह बाधित
इस हड़ताल का सीधा असर अस्पताल की OPD सेवाओं पर पड़ा, जो दोपहर 2 बजे तक पूरी तरह बंद रहीं। दूर-दराज से इलाज कराने आए मरीजों को OPD काउंटर बंद मिले, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
बढ़ती महंगाई में स्टाइपेंड को बताया अपर्याप्त
प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों का कहना था कि मौजूदा स्टाइपेंड बढ़ती महंगाई के मुकाबले बेहद कम है। उन्होंने बताया कि वे लंबे समय से स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग कर रहे हैं और यह हड़ताल प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने के लिए एक सांकेतिक कदम है।
अस्पताल प्रबंधन ने की वार्ता
मामले की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन हरकत में आया। दोपहर में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य और अस्पताल अधीक्षक ने जूनियर डॉक्टरों के साथ बैठक कर उनकी मांगों पर चर्चा की और उचित विभागीय कार्रवाई का आश्वासन दिया।
प्रशासन के आश्वासन के बाद जूनियर डॉक्टरों ने दोपहर 2 बजे हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की और वापस काम पर लौट आए।
आगे कड़ी कार्रवाई की चेतावनी
हड़ताल समाप्त करते हुए डॉक्टरों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही स्टाइपेंड बढ़ाने को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो वे काम बंद करने या अनिश्चितकालीन हड़ताल जैसे कड़े कदम उठा सकते हैं।
फिलहाल अस्पताल की सेवाएं सामान्य हो गई हैं, लेकिन भविष्य में फिर से हड़ताल की संभावना बनी हुई है।
