रांची में 28 मई 2026 को मुस्लिम समुदाय द्वारा ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व पूरे उत्साह और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। सुबह से ही मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज अदा करने के लिए नमाजियों की भारी भीड़ उमड़ी, जिसे देखते हुए रांची जिला और पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे।
रांची की मस्जिदों और ईदगाहों में उमड़ी नमाजियों की भारी भीड़
राजधानी रांची में बकरीद का त्योहार बेहद शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। इस खास मौके पर सुबह से ही विभिन्न इलाकों के लोग नमाज अदा करने के लिए अपने नजदीकी धार्मिक स्थलों पर जुटना शुरू हो गए थे।
शहर के प्रमुख स्थलों जैसे मेन रोड स्थित जामा मस्जिद, अपर बाजार स्थित हांडा मस्जिद, मौलाना आजाद कॉलोनी स्थित नूरी मस्जिद और मेन रोड स्थित एकरा मस्जिद में नमाजियों का बड़ा हुजूम देखा गया। इसके साथ ही हिंदपीढ़ी, डोरंडा, कांके, बरियातू, नामकुम, हरमू रोड और कडरू सहित कई अन्य इलाकों की मस्जिदों में भी सुबह की नमाज शांतिपूर्वक संपन्न हुई।
नमाज की प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर बकरीद की मुबारकबाद दी। इस दौरान स्थानीय लोगों ने संदेश दिया कि बकरीद केवल एक धार्मिक पर्व नहीं है, बल्कि यह जरूरतमंदों की मदद करने और समाज में आपसी प्रेम व भाईचारा बनाए रखने की प्रेरणा देता है।
सुरक्षा के रहे कड़े इंतजाम, बाजारों में दिखी भारी रौनक
भारत मंथन लाइव न्यूज के अनुसार, त्योहार के मद्देनजर रांची जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल के साथ मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई थी। प्रशासन ने सभी नागरिकों से अफवाहों से दूर रहने और आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील की।
इस पर्व को लेकर बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। लोगों ने अपने रिश्तेदारों और मित्रों के घरों का दौरा कर मिठाइयां बांटीं। राजधानी के बाजारों में भी सुबह से ही काफी चहल-पहल रही, जहां सेवई, मेवे, कपड़ों और सजावटी सामानों की दुकानों पर ग्राहकों की अच्छी-खासी भीड़ दर्ज की गई।
