गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिले के गौरेला स्थित मेसर्स सियाराम गैस एजेंसी पर उपभोक्ताओं की शिकायतों के बाद खाद्य विभाग ने छापामार कार्रवाई की है। औचक निरीक्षण के दौरान टीम ने 471 एलपीजी सिलिंडर जब्त किए। जांच में स्टॉक बोर्ड न होने और रजिस्टरों का संधारण न करने जैसी गंभीर अनियमितताएं भी सामने आई हैं।
उपभोक्ताओं की शिकायतों पर खाद्य विभाग की अचानक दबिश
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में रसोई गैस के भंडारण और वितरण में अनियमितताओं पर नकेल कसने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। गौरेला स्थित मेसर्स सियाराम गैस एजेंसी के खिलाफ लंबे समय से घटिया सेवा और गबड़बड़ियों की शिकायतें मिल रही थीं।
शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला खाद्य अधिकारी श्वेता अग्रवाल के नेतृत्व में खाद्य विभाग की विशेष टीम ने एजेंसी के गोदाम पर औचक दबिश दी। इस अचानक हुई कार्रवाई से क्षेत्र के गैस वितरण कारोबारियों में हड़कंप मच गया।
471 एलपीजी सिलिंडर जब्त, मिले कई फर्जीवाड़े
गोदाम में निरीक्षण के दौरान टीम को नियमों का व्यापक उल्लंघन देखने को मिला। इसके बाद खाद्य विभाग ने मौके से कुल 471 एलपीजी सिलिंडर जब्त कर लिए।
जब्त सिलिंडरों में 14.2 किलोग्राम वाले 433 घरेलू गैस सिलिंडर (87 खाली और 346 भरे हुए) तथा 19 किलोग्राम वाले 38 व्यावसायिक सिलिंडर (36 खाली और 2 भरे हुए) शामिल हैं।
दस्तावेजों में खामी और पूर्व में जुर्माना
कार्रवाई के दौरान एजेंसी परिसर से आवश्यक मुख्य बोर्ड और स्टॉक प्रदर्शन बोर्ड नदारद मिले। इसके अतिरिक्त आवक-जावक रजिस्टर और स्टॉक पंजी का संधारण भी नहीं किया जा रहा था।
यह पूरी कार्रवाई द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियम) आदेश 2000 के प्रावधानों के तहत की गई है। अधिकारियों के मुताबिक, इस एजेंसी पर पहले भी 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया जा चुका था, लेकिन सुधार न होने पर यह सख्त कार्रवाई की गई है।
