रायपुर में झीरम घाटी मामले पर कांग्रेस की बैठक, न्याय को लेकर उठाए सवाल

रायपुर में झीरम घाटी मामले पर कांग्रेस की बैठक, न्याय को लेकर उठाए सवाल

झीरम घाटी मामले पर प्रदेश कांग्रेस की अहम बैठक, फैसले को बताया अधूरा न्याय

रायपुर। झीरम घाटी मामले को लेकर प्रदेश कांग्रेस में अहम बैठक हुई। 16 सितंबर को एनआईए की विशेष अदालत द्वारा 10 आरोपियों को मृत्यु दंड सुनाए जाने के बाद राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। कांग्रेस ने इस फैसले को अधूरा न्याय बताते हुए मामले में फरार आरोपियों और पीड़ितों को न्याय मिलने के मुद्दे पर सवाल उठाए।

बैठक में प्रदेश कांग्रेस के शीर्ष नेता शामिल हुए। इस दौरान झीरम घाटी मामले में अदालत के फैसले और फरार आरोपियों के आत्मसमर्पण को लेकर चर्चा की गई।

एनआईए अदालत के फैसले के बाद कांग्रेस की बैठक

16 सितंबर को एनआईए की विशेष अदालत ने झीरम घाटी मामले में 10 आरोपियों को मृत्यु दंड की सजा सुनाई। इसके बाद प्रदेश की राजनीतिक गतिविधियों में इस मामले को लेकर चर्चा शुरू हो गई।

विपक्ष में बैठी कांग्रेस ने फैसले को अधूरा न्याय बताते हुए इस पर सवाल उठाए हैं। इसी मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस के नेताओं ने बैठक की और मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।

कांग्रेस ने झीरम घाटी घटना को लेकर उठाए सवाल

कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि झीरम घाटी की घटना देश के सबसे जघन्य अपराधों में शामिल है। पार्टी नेताओं के मुताबिक, इस घटना में कांग्रेस के शीर्ष नेताओं को चुन-चुनकर निशाना बनाया गया था।

कांग्रेस की ओर से यह भी कहा गया कि मामले में 11 लोगों को मुख्य आरोपी बनाकर हिरासत में लिया गया था, जबकि 27 आरोपी फरार चल रहे थे।

फरार आरोपियों के आत्मसमर्पण को लेकर सवाल

कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि फरार चल रहे 27 आरोपियों में से लगभग सभी ने सरकार की आत्मसमर्पण नीति का लाभ उठाकर आत्मसमर्पण किया है।

पार्टी की ओर से सवाल उठाया गया कि झीरम घाटी मामले से जुड़े आरोपियों के आत्मसमर्पण और उनके खिलाफ कार्रवाई के संदर्भ में पीड़ितों को पूरा न्याय कैसे मिलेगा।

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मुख्य आरोपियों को सरकार का संरक्षण मिल रहा है। यह आरोप कांग्रेस की ओर से लगाया गया है।

पीड़ितों को न्याय मिलने का मुद्दा उठा

बैठक में कांग्रेस की ओर से कहा गया कि पीड़ित पक्ष चाहता है कि नरसंहार के लिए जिम्मेदार लोगों को मृत्यु दंड मिले।

कांग्रेस नेताओं ने सवाल उठाया कि जब मामले में कुछ आरोपियों को सजा सुनाई गई है और अन्य आरोपी फरार रहने के बाद आत्मसमर्पण कर चुके हैं, तो क्या इसे पूर्ण न्याय कहा जा सकता है।

झीरम घाटी मामले पर कांग्रेस की आगे की चर्चा

प्रदेश कांग्रेस की बैठक में झीरम घाटी मामले को लेकर अदालत के फैसले, फरार आरोपियों के आत्मसमर्पण और पीड़ितों को न्याय मिलने के मुद्दे पर चर्चा हुई।

कांग्रेस ने मामले को अधूरा न्याय बताते हुए सवाल उठाए हैं। फरार आरोपियों और आत्मसमर्पण से जुड़े आरोपों पर पार्टी ने अपनी चिंता जाहिर की।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *