तमिलनाडु के उच्च शिक्षा मंत्री पी विश्वनाथन ने बुधवार को कहा कि राज्य सरकार विश्वविद्यालयों में कुलपतियों (VC) की नियुक्ति के लिए जल्द ही एक पांच सदस्यीय समिति का गठन करेगी। चेन्नई के एक कॉलेज में सुविधाओं का निरीक्षण करने के बाद उन्होंने यह घोषणा की।
मुख्यमंत्री जोसफ विजय की समीक्षा बैठक में लिया गया निर्णय
चेन्नई: तमिलनाडु के उच्च शिक्षा मंत्री पी विश्वनाथन ने बुधवार को जानकारी दी कि राज्य सरकार विश्वविद्यालयों में कुलपतियों (VC) की नियुक्ति प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए बहुत जल्द एक पांच सदस्यीय समिति का गठन करने जा रही है। चेन्नई स्थित डॉ. धर्मांबल सरकारी महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज में नागरिक सुविधाओं का निरीक्षण करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए मंत्री ने यह बयान दिया।
उच्च शिक्षा मंत्री ने बताया कि इस नए प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री जोसफ विजय की अध्यक्षता में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान विस्तार से चर्चा की गई थी।
तीन सदस्यीय चयन समिति का होगा विस्तार
मंत्री विश्वनाथन ने कहा कि वर्तमान में कुलपतियों के चयन के लिए कार्यरत तीन सदस्यीय समिति का विस्तार करके उसे पांच सदस्यीय पैनल में बदला जा सकता है। उन्होंने पूरा भरोसा जताया कि नई समिति का गठन होते ही विश्वविद्यालयों में कुलपतियों की नियुक्तियां जल्द ही कर दी जाएंगी।
वर्तमान नियमों के अनुसार, तीन सदस्यीय वीसी सर्च पैनल में विश्वविद्यालय के सिंडिकेट/सीनेट का एक प्रतिनिधि, राज्यपाल का एक नामांकित व्यक्ति और राज्य सरकार का एक प्रतिनिधि शामिल होता है।
राज्यपाल की मंजूरी का इंतजार
भारत मंथन Live News को मिली जानकारी के अनुसार, राज्य सरकार ने समितियों में एक और सिंडिकेट प्रतिनिधि को नामित करने के लिए राज्यपाल की मंजूरी का अनुरोध किया है। मंत्री ने उम्मीद जताई कि इस प्रस्ताव को जल्द ही राजभवन से मंजूरी मिल जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने तमिलनाडु सरकार के उस पुराने रुख को फिर से दोहराया कि राज्य के विश्वविद्यालयों का चांसलर (कुलाधिपति) मुख्यमंत्री को होना चाहिए।
सहायक प्रोफेसरों और प्राचार्यों की भर्ती प्रक्रिया होगी तेज
सरकारी कॉलेजों में रिक्त पदों पर बात करते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकारी कला और विज्ञान कॉलेजों (Arts and Science Colleges) में सहायक प्रोफेसरों की भर्ती के लिए साक्षात्कार बहुत जल्द आयोजित किए जाएंगे। शिक्षक भर्ती बोर्ड (TRB) को दिसंबर 2025 में आयोजित की गई इस परीक्षा में किसी भी तरह की अनियमितता नहीं मिली है।
इस भर्ती परीक्षा में लगभग 42,000 उम्मीदवार शामिल हुए थे। इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार सरकारी कला और विज्ञान कॉलेजों में प्राचार्यों (Principals) के लगभग 90 रिक्त पदों को भी जल्द से जल्द भरने के लिए आवश्यक कदम उठाएगी।
