कांग्रेस ने द्रमुक की उस टिप्पणी का जवाब दिया है, जिसमें टीवीके के साथ गठबंधन को ‘पीठ में छुरा घोंपना’ कहा गया था। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि तमिलनाडु में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को रोकने के मकसद से यह कदम उठाया गया है।
कांग्रेस ने टीवीके के साथ गठबंधन पर दिया स्पष्टीकरण
नई दिल्ली में एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान कांग्रेस ने बुधवार को तमिलगा वेट्री कड़गम (TVK) के साथ अपने गठबंधन का बचाव किया है। द्रमुक (DMK) द्वारा इस कदम को ‘पीठ में छुरा घोंपना’ कहे जाने पर पार्टी ने कड़ा रुख अपनाया है। कांग्रेस ने कहा है कि उनका मुख्य मकसद तमिलनाडु में भाजपा को रोकना है।
पवन खेड़ा का बयान और 2014 की याद
पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने पुरानी घटनाओं को याद दिलाते हुए बताया कि 2014 के लोकसभा चुनाव से पहले द्रमुक ने कांग्रेस के साथ गठबंधन समाप्त करने का एकतरफा फैसला लिया था।
उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस का TVK को समर्थन पूरी तरह से सशर्त है। पार्टी ने शर्त रखी है कि TVK को भाजपा या किसी अन्य सांप्रदायिक शक्ति के साथ कभी भी गठबंधन नहीं करना होगा।
कामराज शासन की वापसी का उद्देश्य
कांग्रेस नेताओं का यह मानना है कि राज्य का हालिया जनादेश डीएमके के खिलाफ गया है। ऐसी स्थिति में TVK के साथ जाना ही एकमात्र विकल्प है, क्योंकि वे राज्य में ‘कामरज’ (K. Kamaraj) शासन की वापसी चाहते हैं।
