न्यू यॉर्क: यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने वॉल स्ट्रीट जर्नल को दिए साक्षात्कार में दावा किया है कि रूस की पूरी अर्थव्यवस्था भारत, चीन और तुर्की के साथ ऊर्जा व्यापार पर निर्भर है। उन्होंने कहा कि यदि ये देश रूस से कच्चा तेल खरीदना बंद कर दें, तो जारी युद्ध रुक सकता है।
तेल व्यापार बंद होने से रुक सकता है युद्ध: जेलेंस्की
न्यू यॉर्क: संयुक्त राष्ट्र महासभा के साइडलाइन्स पर मीडिया और वॉल स्ट्रीट जर्नल से बातचीत करते हुए यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने भारत, चीन और तुर्की जैसे देशों से रूस के साथ कच्चा तेल और ऊर्जा कारोबार बंद करने की अपील की है।
जेलेंस्की का मानना है कि रूसी अर्थव्यवस्था बहुत हद तक इन देशों द्वारा खरीदे जा रहे कच्चे तेल पर टिकी है और व्यापार रुकने से रूस युद्ध खत्म करने पर मजबूर हो जाएगा।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के नए प्रतिबंध कानून का जिक्र
जेलेंस्की का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 18 सितंबर को ‘लिंडसे ओ. ग्राहम सैंक्शनिंग रूस एंड ईरान एक्ट ऑफ 2026’ पर हस्ताक्षर करने के ठीक बाद आया है।
इस नए अमेरिकी कानून से रूस और ईरान पर नए प्रतिबंध और टैरिफ लगाने की शक्तियां बढ़ गई हैं। जेलेंस्की ने उम्मीद जताई कि नए प्रतिबंधों से रूस पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा।
युद्ध समाप्त होने की उम्मीद
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि यह युद्ध जल्द समाप्त होगा और राष्ट्रपति ट्रंप इसमें सहायता करेंगे।
रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, जेलेंस्की ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन युद्ध की तीव्रता कम करने से इनकार करते हैं, तो अमेरिका को रूस पर कड़े प्रतिबंधों का इस्तेमाल करना चाहिए।
