बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (BWF) ने 26 अप्रैल को नए स्कोरिंग सिस्टम को मंजूरी दी है। डेनमार्क के हॉर्सेंस में हुई बैठक में तय किया गया कि अगले वर्ष से 3×21 की जगह 3×15 फॉर्मेट लागू होगा, जिससे मैच छोटे और अधिक प्रतिस्पर्धी बनाए जाएंगे।
बैडमिंटन में स्कोरिंग सिस्टम में बड़ा बदलाव
बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (BWF) ने खेल के इतिहास में एक बड़ा बदलाव करते हुए नए स्कोरिंग सिस्टम को मंजूरी दे दी है। यह निर्णय 26 अप्रैल को डेनमार्क के हॉर्सेंस में आयोजित वार्षिक आम बैठक में लिया गया।
इस प्रस्ताव को दो-तिहाई बहुमत के साथ पारित किया गया, जिसके बाद अब मौजूदा 3×21 स्कोरिंग सिस्टम को बदलकर नया फॉर्मेट लागू किया जाएगा।
3×15 फॉर्मेट में खेले जाएंगे मैच
नए नियम के अनुसार, अब मैच बेस्ट-ऑफ-थ्री गेम्स के आधार पर खेले जाएंगे, जहां हर गेम 21 की जगह 15 अंकों का होगा।
पिछले लगभग दो दशकों से 3×21 स्कोरिंग सिस्टम लागू था, जिसे अब आधिकारिक रूप से बदलने का निर्णय लिया गया है।
बदलाव के पीछे BWF का तर्क
BWF के अनुसार, छोटे फॉर्मेट से मैच शेड्यूलिंग बेहतर होगी और खिलाड़ियों को अधिक आराम का समय मिल सकेगा। इसके साथ ही मैचों में अधिक दबाव वाले क्षण पैदा होंगे, जिससे खेल और रोमांचक बनेगा।
BWF अध्यक्ष का बयान
BWF अध्यक्ष खुनयिंग पटामा लीज़वद्तरकुल ने कहा कि यह फैसला बैडमिंटन के भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने कहा कि नया स्कोरिंग सिस्टम खेल को अधिक प्रतिस्पर्धी और आकर्षक बनाएगा, साथ ही खिलाड़ियों के स्वास्थ्य और रिकवरी में भी मदद करेगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस बदलाव से खेल की मूल प्रकृति, कौशल, रणनीति और प्रतिस्पर्धा पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
साइना नेहवाल ने जताई चिंता
पूर्व विश्व नंबर-1 भारतीय खिलाड़ी साइना नेहवाल ने इस बदलाव पर पहले चिंता व्यक्त की थी।
उन्होंने कहा था कि किसी भी बदलाव से खेल की गुणवत्ता और प्रतिस्पर्धात्मक संतुलन प्रभावित नहीं होना चाहिए, और ध्यान निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा पर ही रहना चाहिए।
