रायपुर नगर निगम ने शहर में रैली, जुलूस, पंडाल और सार्वजनिक आयोजनों के बाद सफाई व्यवस्था के लिए लिया जाने वाला शुल्क बढ़ाकर 1000 रुपये कर दिया है। नगर निगम आयुक्त संबित मिश्रा के निर्देशानुसार, आयोजकों को कार्यक्रम से कम से कम 7 दिन पहले आवेदन करने के साथ चार प्रमुख सरकारी विभागों से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जमा करना अनिवार्य होगा।
सफाई शुल्क में किया गया दोगुना इजाफा रायपुर नगर निगम क्षेत्र में खुले मैदान, सार्वजनिक मार्ग, फुटपाथ और चौराहों पर धरना, प्रदर्शन, रैली या जुलूस निकालने के लिए अब अधिक शुल्क देना होगा। नगर निगम प्रशासन ने आयोजन के बाद सफाई व्यवस्था के लिए लिए जाने वाले शुल्क को 500 रुपये से बढ़ाकर 1000 रुपये प्रति आयोजन कर दिया है।
एमआईसी और सामान्य सभा के संकल्प से लागू हुआ निर्णय नगर निगम के अनुसार, यह फैसला मेयर इन काउंसिल (MIC) की 23 सितंबर 2025 की बैठक के संकल्प क्रमांक 10 और नगर निगम सामान्य सभा की 29 अक्टूबर 2025 की बैठक के संकल्प क्रमांक 14 के तहत लिया गया है। छत्तीसगढ़ राज्य नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के दिशा-निर्देशों के आधार पर इस नई व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
7 दिन पहले आवेदन करना अनिवार्य नगर निगम आयुक्त संबित मिश्रा ने सार्वजनिक स्थलों, खेल मैदानों और पंडालों के लिए संबंधित जोन कमिश्नर को अनुमति देने के लिए अधिकृत किया है। रैली, जुलूस या अस्थायी संरचना की अनुमति प्राप्त करने के लिए आयोजकों को कार्यक्रम की तारीख से कम से कम 7 दिन पहले निर्धारित प्रारूप में संबंधित जोन कार्यालय में आवेदन जमा करना अनिवार्य होगा।
अनुमति के लिए चार विभागों की NOC आवश्यक रैली या सार्वजनिक आयोजन की अनुमति केवल आवेदन करने से नहीं मिलेगी। आयोजकों को आवेदन पत्र के साथ चार अलग-अलग विभागों से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) भी संलग्न करना होगा। इसमें अनुविभागीय दंडाधिकारी (राजस्व विभाग), पुलिस विभाग, जिला सेनानी होमगार्ड एवं अग्निशमन विभाग और विद्युत विभाग के कार्यपालन या सहायक अभियंता की एनओसी शामिल है।
