सीतापुर के खैराबाद नगर पालिका परिषद की बोर्ड बैठक शुक्रवार को उस समय चर्चा में आ गई, जब सीतापुर सांसद राकेश राठौर की मौजूदगी में कमालसराय के सभासद प्रतिनिधि जहीर अपनी सीट से उठकर अध्यक्ष की टेबल की ओर बढ़ने लगे।
बैठक में नगर के विकास कार्यों सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा-परिचर्चा चल रही थी। इसी दौरान अचानक हुए घटनाक्रम से बैठक का माहौल गरमा गया और कुछ देर के लिए वहां मौजूद लोगों में असहजता की स्थिति पैदा हो गई।
नजूल विवाद की पुरानी तल्खी फिर आई सामने
नगर पालिका की राजनीति में इस घटनाक्रम को पूर्व में हुई नजूल संबंधी कार्रवाई से भी जोड़कर देखा जा रहा है। बताया जाता है कि नजूल भूमि को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान कुछ सभासदों के नाम भी सामने आए थे।
प्रशासनिक कार्रवाई के बाद से पालिका अध्यक्ष और कुछ सभासदों के बीच मतभेद की चर्चाएं सामने आती रही हैं। इसी पुरानी तल्खी के बीच बोर्ड बैठक में अचानक पैदा हुए तनाव ने पालिका की अंदरूनी राजनीति को फिर चर्चा में ला दिया।
अध्यक्ष प्रतिनिधि अभिषेक गुप्ता ने लगाए गंभीर आरोप
नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि अभिषेक गुप्ता ने पूरे घटनाक्रम को लेकर कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग जानबूझकर पालिका अध्यक्ष को निशाना बनाकर माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।
अभिषेक गुप्ता ने इसे साजिश बताते हुए कहा कि अध्यक्ष और उनका परिवार किसी दबाव के आगे झुकने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों को रोकने की कोशिश करने वालों को यह समझ लेना चाहिए कि सरकार भारतीय जनता पार्टी की है और विकास की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी।
उन्होंने कहा, ‘हम न दबने वाले हैं और न विकास के मुद्दे पर पीछे हटने वाले हैं।’
पुलिस की सक्रियता पर भी उठाए सवाल
अध्यक्ष प्रतिनिधि ने कहा कि जब बोर्ड बैठक में सांसद राकेश राठौर मौजूद थे और अध्यक्ष उनसे बातचीत कर रही थीं, उसी दौरान किसी सभासद प्रतिनिधि का अचानक अध्यक्ष की टेबल की ओर बढ़ना बैठक की गरिमा और जनप्रतिनिधियों के सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय है।
अभिषेक गुप्ता ने आरोप लगाया कि यदि पुलिस सक्रिय नहीं होती तो कोई बड़ी घटना हो सकती थी। उन्होंने दावा किया कि जहीर का उद्देश्य अध्यक्ष को नुकसान पहुंचाना था और पुलिस की सक्रियता से बड़ा हादसा टल गया।
हालांकि, घटनाक्रम को लेकर लगाए गए इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस कॉपी में उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं हुई है।
