मुंबई में शुक्रवार को भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने घोषणा की कि देश का विदेशी मुद्रा भंडार 682.3 अरब डॉलर के मजबूत स्तर पर पहुंच गया है। चालू वित्त वर्ष की दूसरी द्विमासिक मौद्रिक नीति जारी करते हुए उन्होंने बताया कि यह भंडार लगभग 11 महीनों के आयात के लिए पूरी तरह पर्याप्त है।
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने की मौद्रिक नीति की घोषणा
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने शुक्रवार को चालू वित्त वर्ष की दूसरी द्विमासिक मौद्रिक नीति की घोषणा की। इस दौरान उन्होंने देश की आर्थिक स्थिति और भुगतान संतुलन को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
गवर्नर ने बताया कि देश का विदेशी मुद्रा भंडार इस समय 682.3 अरब डॉलर के मजबूत स्तर पर बना हुआ है। यह कोष भारत के लगभग 11 महीनों के आयात खर्च को पूरा करने के लिए पूरी तरह से पर्याप्त है।
भुगतान संतुलन और अर्थव्यवस्था को मिलेगी मजबूती
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा के अनुसार, वर्तमान में देश की अर्थव्यवस्था काफी मजबूत स्थिति में आगे बढ़ेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्रीय बैंक द्वारा की जा रही विभिन्न नीतिगत पहल आने वाले समय में भुगतान संतुलन को और अधिक सुदृढ़ करने में मददगार साबित होंगी।
यह रिपोर्ट विनीता चौबे द्वारा भारत मंथन लाइव न्यूज (Bharat Manthan Live News) के लिए तैयार की गई है। वित्तीय स्थिरता के लिहाज से विदेशी मुद्रा भंडार का यह स्तर स्थानीय और राष्ट्रीय बाजार के लिए एक सकारात्मक संकेत है।
