महाराष्ट्र के ठाणे जिले के कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र में बुधवार को भाजपा और उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना (उबाठा) के सात पूर्व पार्षद, करीब 80 पदाधिकारी और सैकड़ों समर्थक सांसद श्रीकांत शिंदे की मौजूदगी में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में शामिल हो गए।
ठाणे के कल्याण-डोंबिवली में बड़ा राजनीतिक फेरबदल, सांसद श्रीकांत शिंदे रहे मौजूद
ठाणे (महाराष्ट्र): महाराष्ट्र के ठाणे जिले के कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र में एक बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना (उबाठा) को बड़ा झटका देते हुए सात पूर्व पार्षदों, दोनों दलों के करीब 80 पदाधिकारियों और उनके सैकड़ों समर्थकों ने पाला बदल लिया है। ये सभी नेता बुधवार को कल्याण लोकसभा सीट से सांसद श्रीकांत शिंदे की गरिमामयी मौजूदगी में एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में आधिकारिक रूप से शामिल हो गए।
भाजपा के दो पूर्व पार्षद दंपति शिवसेना में हुए शामिल
इस फेरबदल में भाजपा के दो पूर्व पार्षद दंपति श्रीकर चौधरी और उनकी पत्नी प्रमिला चौधरी तथा शैलेश धात्रक और उनकी पत्नी मनीषा धात्रक अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ एकनाथ शिंदे गुट वाली शिवसेना में शामिल हो गए हैं। ये दोनों दंपति लंबे समय तक महानगरपालिका के दो-दो वार्डों का प्रतिनिधित्व करते रहे हैं। स्थानीय स्तर पर मजबूत पकड़ रखने वाले इन नेताओं के पार्टी छोड़ने को भाजपा के लिए कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र में एक बड़ा झटका माना जा रहा है।
सेवानिवृत्त सहायक आयुक्त और ठाकरे गुट के पदाधिकारी भी आए साथ
शिवसेना द्वारा बृहस्पतिवार को जारी की गई एक आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका (केडीएमसी) की सेवानिवृत्त सहायक आयुक्त हेमा मुंबरकर, उनके परिवार के सदस्य और समर्थक भी पार्टी में शामिल हो गए हैं। इस मौके पर सांसद श्रीकांत शिंदे ने कहा कि मुंबरकर के 38 वर्षों के प्रशासनिक अनुभव का लाभ पार्टी संगठन को मिलेगा।
इसके अलावा, युवा सेना के नेता योगेंद्र भोईर, ट्विंकल भोईर तथा डोंबिवली, कल्याण और अंबरनाथ क्षेत्रों में ठाकरे गुट (शिवसेना उबाठा) के लगभग 200 स्थानीय पदाधिकारियों ने भी एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना का दामन थाम लिया है। इस बड़ी राजनीतिक हलचल पर भारत मंथन लाइव न्यूज की नजर लगातार बनी हुई है।
