रांची पुलिस प्रशासन ने बकरीद पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए बुधवार, 27 मई 2026 को अल्बर्ट एक्का चौक से एक व्यापक सुरक्षा फ्लैग मार्च निकाला। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अधिकारियों ने राजधानी के संवेदनशील और अतिसंवेदनशील इलाकों में 1000 पुलिस जवानों को तैनात किया है और सोशल मीडिया की निगरानी शुरू कर दी है।
बकरीद 2026 को लेकर रांची पुलिस अलर्ट, निकाला फ्लैग मार्च
रांची: राजधानी रांची में बकरीद पर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में आ गया है। बुधवार को शहर के अल्बर्ट एक्का चौक से पुलिस ने एक बड़े स्तर पर फ्लैग मार्च निकाला। इस मार्च में पुलिस बल की एक बड़ी संख्या के साथ विशेष बाइक दस्ता भी शामिल रहा।
इस रणनीतिक फ्लैग मार्च के दौरान सुरक्षा बलों ने शहर के विभिन्न संवेदनशील और अतिसंवेदनशील इलाकों का दौरा कर जमीनी सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। पुलिस अधिकारियों ने सख्त लहजे में कहा कि त्योहार के दौरान अफवाह फैलाने या सौहार्दपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
झारखंड की राजधानी में भारी पुलिस बल की तैनाती और हाई-टेक निगरानी
सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए प्रशासन ने जिले के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों पर नजर रखने के लिए एक दोहरी निगरानी प्रणाली तैयार की है।
ड्रोन ऑपरेशन्स और डिजिटल मॉनिटरिंग
- आसमान से नजर: कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस द्वारा चिन्हित किए गए संवेदनशील पॉकेट्स में ड्रोन कैमरों के जरिए लगातार हवाई निगरानी रखी जाएगी।
- सोशल मीडिया पर पैनी नजर: पुलिस की विशेष टीमें डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर सक्रियता से नजर रख रही हैं ताकि भड़काऊ पोस्ट करने या भ्रामक अफवाहें फैलाने वाले यूजर्स की पहचान कर उन पर कार्रवाई की जा सके।
जमीनी स्तर पर जवानों की मुस्तैदी
सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए जिले के विभिन्न रणनीतिक चौराहों और मोहल्लों में करीब 1000 पुलिस जवानों को तैनात किया जा रहा है। स्थानीय प्रशासन ने आम जनता से भी अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की भ्रामक या अपुष्ट जानकारी साझा न करें और इस त्योहार को आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ मनाएं।
इस फ्लैग मार्च और सुरक्षा तैयारियों की कमान खुद वरिष्ठ अधिकारियों ने संभाल रखी थी। मौके पर सिटी एसपी, ग्रामीण एसपी, एएसपी कोतवाली, एसडीएम, डीएसपी सहित विभिन्न थानों के प्रभारी खुद जमीन पर मौजूद रहकर पूरी व्यवस्था की निगरानी कर रहे थे।
