भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) महिला मोर्चा 28 अप्रैल को राजधानी रांची में एक विशाल मशाल जुलूस निकालेगी। यह प्रदर्शन महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) पर विपक्षी दलों के रुख के विरोध में आयोजित किया गया है। जुलूस जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से शुरू होकर अल्बर्ट एक्का चौक तक जाएगा, जिसका उद्देश्य विपक्ष की भूमिका को उजागर करना है।
महिला आरक्षण बिल को लेकर रांची में बीजेपी का बड़ा प्रदर्शन
झारखंड में महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। विपक्ष के विरोध के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा ने 28 अप्रैल को रांची में एक विशाल मशाल जुलूस निकालने का निर्णय लिया है।
यह मशाल जुलूस शाम को जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से शुरू होगा और अल्बर्ट एक्का चौक तक जाएगा। इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य संसद में महिला आरक्षण बिल की राह में बाधा डालने वाले विपक्षी दलों का विरोध करना और उनकी नीतियों को जनता के समक्ष रखना है।
बीजेपी विधायक पूर्णिमा साहू का विपक्ष पर हमला
बीजेपी विधायक पूर्णिमा साहू ने इस मुद्दे पर विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि 16 और 17 अप्रैल को जब सदन में यह ऐतिहासिक बिल पेश किया गया था, तब कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने इसका विरोध कर देश की महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है।
विधायक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन को दोहराते हुए कहा कि देश की आधी आबादी को उचित सम्मान देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही, उन्होंने स्पष्ट किया कि गृह मंत्री ने पहले ही आश्वस्त किया है कि परिसीमन की प्रक्रिया से किसी को नुकसान नहीं होगा, क्योंकि नारी शक्ति वंदन अधिनियम का क्रियान्वयन तकनीकी रूप से परिसीमन से जुड़ा हुआ है।
स्वास्थ्य मंत्री के बयानों की निंदा
विधायक पूर्णिमा साहू ने स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के बयानों की भी कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि विपक्ष की भाषा और नीयत दोनों ही महिला विरोधी हैं। साहू के अनुसार, कांग्रेस और उसके सहयोगियों के बयान उनकी हताशा को दर्शाते हैं।
बीजेपी का कहना है कि केंद्र सरकार महिलाओं को उनके संवैधानिक अधिकार देने के लिए प्रतिबद्ध है, जबकि विपक्ष केवल राजनीति कर रहा है। अब भारत मंथन लाइव न्यूज के माध्यम से यह साफ है कि बीजेपी इस लड़ाई को अब सड़कों पर ले जाने की पूरी तैयारी में है।
