छत्तीसगढ़ में नई सरकार के गठन के बाद से ‘प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण’ के अंतर्गत 11 लाख से अधिक मकान पूर्ण करा लिए गए हैं। रायपुर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उपमुख्यमंत्री एवं ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा ने यह जानकारी दी। राज्य सरकार पहली कैबिनेट में लिए गए 18 लाख आवासों के संकल्प की ओर तेजी से बढ़ रही है।
प्रथम कैबिनेट के 18 लाख मकानों के लक्ष्य की ओर अग्रसर
छत्तीसगढ़ में गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पक्की छत मुहैया कराने की दिशा में राज्य सरकार को बड़ी सफलता मिली है। उपमुख्यमंत्री और पंचायती राज व ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा ने रायपुर में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए यह महत्वपूर्ण उपलब्धि साझा की।
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि नई सरकार के गठन के बाद आयोजित पहली ही कैबिनेट बैठक में 18 लाख से अधिक पात्र परिवारों के लिए प्रधानमंत्री आवास निर्माण का ऐतिहासिक संकल्प लिया गया था। सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हर गरीब को पक्का घर देने के विजन को पूरा करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
अभिलेखीय रिकॉर्ड और लंबित योजनाओं का तेजी से निष्पादन
विभागीय मंत्री ने आंकड़े साझा करते हुए बताया कि पिछले वित्तीय वर्ष में छत्तीसगढ़ ने पूरे देश में सर्वाधिक 5.92 लाख से अधिक आवास पूर्ण कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया था। वर्ष 2011 और 2018 की पात्रता सूची के सभी हितग्राहियों को आवास की स्वीकृति दी जा चुकी है।
अब तक प्रदेश में कुल 20.40 लाख मकान पूर्ण किए जा चुके हैं, जबकि 4 लाख अन्य मकानों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। वर्तमान कार्यकाल में पूरे कराए गए 11 लाख से अधिक मकानों में पूर्व वर्षों के रुके और लंबित पड़े आवास भी शामिल हैं, जिन्हें पर्याप्त फंड आवंटित कर प्राथमिकता से पूरा किया गया।
विशेष वर्गों और मुख्यमंत्री आवास योजना को मिली गति
राज्य सरकार समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजना का लाभ पहुंचाने में जुटी है। मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत स्वीकृत 48 हजार मकानों में से करीब 20 हजार आवास का निर्माण पूरा हो चुका है।
इसके अलावा विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTG) के लिए संचालित ‘विशेष परियोजना’ और ‘प्रधानमंत्री जनमन योजना’ के तहत स्वीकृत 23 हजार से अधिक आवासों को भी प्राथमिकता के आधार पर तेजी से पूर्ण कराया जा रहा है।
