धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (SNMMCH) में रविवार को इलाज के दौरान एक 17 वर्षीय मानसिक रोगी अचानक आक्रामक हो गया। अस्पताल परिसर में मचे हंगामे और अफरा-तफरी के बाद सरायढेला थाना पुलिस की मदद से स्थिति पर काबू पाया गया।
एसएनएमएमसीएच के माइनर ओटी में मरीज ने मचाया उत्पाद
धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (SNMMCH) में रविवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब इलाज कराने आया एक 17 वर्षीय मानसिक रोगी अचानक उग्र हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर का रहने वाला यह युवक अपने पिता के साथ इलाज कराने के लिए अस्पताल आया था। शुरुआती जांच और चिकित्सा प्रक्रिया के दौरान ही युवक का व्यवहार अचानक पूरी तरह बदल गया और उसने माइनर ओटी (ओपरेशन थिएटर) में रखे चिकित्सा उपकरणों और सामानों को उठाकर इधर-उधर फेंकना शुरू कर दिया। इस अप्रत्याशित घटनाक्रम से वहां मौजूद अन्य मरीजों, उनके परिजनों और अस्पताल के स्वास्थ्यकर्मियों के बीच दहशत फैल गई।
स्वास्थ्यकर्मियों के प्रयास विफल होने पर बुलाई गई पुलिस
युवक को अचानक उग्र होते देख वहां मौजूद चिकित्सा स्टाफ, सुरक्षाकर्मियों और उसके पिता ने उसे शांत कराने का काफी प्रयास किया। हालांकि, युवक का आक्रामक व्यवहार लगातार बढ़ता ही गया और स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। हालात को बिगड़ता देख अस्पताल प्रबंधन ने तुरंत स्थानीय पुलिस को मामले की सूचना दी। भारत मंथन लाइव न्यूज के अनुसार, सूचना मिलते ही सरायढेला थाना पुलिस की टीम तुरंत अस्पताल परिसर पहुंची। पुलिस कर्मियों ने काफी मशक्कत और सूझबूझ के बाद उग्र हो रहे युवक को सुरक्षित तरीके से अपने काबू में किया।
बेहतर इलाज के लिए रांची के कांके स्थित संस्थान में किया गया रेफर
सरायढेला थाना पुलिस द्वारा स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित किए जाने के बाद डॉक्टरों ने युवक की मानसिक स्थिति और व्यवहार का गहन आकलन किया। SNMMCH के चिकित्सकों ने उसे बेहतर और विशेषीकृत मानसिक उपचार की आवश्यकता को देखते हुए रांची के कांके स्थित मानसिक आरोग्य संस्थान (RINPAS) के लिए रेफर कर दिया। डॉक्टरों की पर्ची मिलने के बाद परिजन युवक को लेकर तुरंत रांची के लिए रवाना हो गए। इस पूरे घटनाक्रम के चलते अस्पताल परिसर में कुछ समय के लिए भारी तनाव की स्थिति बनी रही, लेकिन मरीज के रवाना होने के बाद व्यवस्था पूरी तरह सामान्य हो गई।
