सिसई के भूरसो लैंपस भवन की छत का शीट आंधी में उड़ा
गुमला: सिसई प्रखंड क्षेत्र के नवनिर्मित भूरसो लैंपस भवन की छत का शीट तेज आंधी-तूफान के दौरान उड़ गया। घटना के बाद भवन निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
स्थानीय स्तर पर इस घटना को लेकर चर्चा तेज हो गई है और निर्माण कार्य में उपयोग की गई सामग्री एवं कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर जताया गया आक्रोश
झारखंड मुक्ति मोर्चा के गुमला जिला उपाध्यक्ष शशि साहू ने घटना पर आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि भवन निर्माण में ठेकेदार द्वारा मनमानी की गई है। उनका आरोप है कि निर्माण कार्य में घटिया गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग किया गया, जिसके कारण हल्के आंधी-तूफान में ही छत का शीट उड़ गया।
उन्होंने कहा कि इस घटना से निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं और इसकी निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
दोषियों पर कार्रवाई की मांग
शशि साहू ने संबंधित निर्माण कार्य की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि पूरे मामले की सही तरीके से जांच की जाए तो जिले के अन्य लैंपस निर्माण कार्यों में भी अनियमितताओं का पता चल सकता है।
उनका कहना है कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित परियोजनाओं की जांच आवश्यक है।
जिले के अन्य निर्माण कार्यों की जांच की मांग
झामुमो नेता ने मांग की कि गुमला जिले में बनाए गए अन्य लैंपस भवनों की भी जांच की जाए, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं निर्माण कार्य में गुणवत्ता संबंधी अनियमितताएं तो नहीं हुई हैं।
उन्होंने कहा कि जांच के बाद जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
