छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में स्कूल शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) जोईधा राम डहरिया को निलंबित कर दिया है। महासमुंद जिले के बसना में बीईओ पद पर रहते हुए शासकीय स्कूलों के बिजली बिल भुगतान में वित्तीय गड़बड़ी की पुष्टि होने पर यह कार्रवाई की गई है।
शासकीय स्कूलों के बिजली बिल में वित्तीय अनियमितता का मामला
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में शिक्षा विभाग द्वारा एक बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई सामने आई है। स्कूल शिक्षा विभाग ने जिले के जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) जोईधा राम डहरिया को गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
निलंबन अवधि के दौरान डहरिया का मुख्यालय कार्यालय संभागीय संयुक्त संचालक, रायपुर नियत किया गया है। वहीं, सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी लक्ष्मीनारायण पटेल को डीईओ पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
महासमुंद के बसना में बीईओ पदस्थापना के दौरान की गड़बड़ी
यह पूरा मामला डहरिया के पूर्व पदस्थापना काल से जुड़ा हुआ है। जब वे महासमुंद जिले के बसना विकासखंड में खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) के पद पर तैनात थे, तब शासकीय प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक स्कूलों के बिजली बिल की राशि में भारी गड़बड़ी की गई थी।
मामले की जांच के दौरान आरोपों की पुष्टि हुई, जिसके बाद शासन ने इसे गंभीर वित्तीय अनियमितता और राज्य कोष को आर्थिक नुकसान पहुंचाने का मामला मानते हुए निलंबन के आदेश जारी किए।
नए डीईओ को अतिरिक्त प्रभार, प्रशासनिक हलकों में हड़कंप
जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई इस कार्रवाई से शिक्षा विभाग और प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोग और विभागीय कर्मचारी इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ एक सख्त और बड़ी कार्रवाई के रूप में देख रहे हैं।
फिलहाल, प्रभारी डीईओ लक्ष्मीनारायण पटेल ने पदभार संभालते हुए विभागीय कामकाज को गति देना शुरू कर दिया है।
