मिथलेश कुमार : बोकारो जिले के तेनुघाट स्थित उपकारा (जेल) में सर्वोच्च न्यायालय, झारखंड उच्च न्यायालय एवं प्रधान जिला जज बोकारो के निर्देश पर जेल अदालत, कानूनी जागरूकता शिविर और स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का नेतृत्व प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी राज कुमार पांडेय ने किया।
बोकारो के तेनुघाट उपकारा में जेल अदालत, कानूनी जागरूकता और स्वास्थ्य शिविर आयोजित
बोकारो जिले के तेनुघाट स्थित उपकारा (जेल) में सर्वोच्च न्यायालय, झारखंड उच्च न्यायालय एवं प्रधान जिला जज बोकारो के निर्देश पर जेल अदालत, कानूनी जागरूकता शिविर और स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व व्यवहार न्यायालय तेनुघाट के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी राज कुमार पांडेय ने किया।
शिविर के दौरान जेल में बंद बंदियों के लिए स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगाया गया, ताकि उन्हें कानूनी सहायता के साथ स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं का भी लाभ मिल सके।
बंदियों को दी गई कानूनी अधिकारों की जानकारी
कानूनी जागरूकता शिविर को संबोधित करते हुए प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी राज कुमार पांडेय ने कहा कि जेल अदालत के साथ मेडिकल कैंप का आयोजन किए जाने से बंदियों को दोनों सुविधाओं का लाभ मिल रहा है।
उन्होंने बताया कि बंदियों को लगातार जागरूक किए जाने के कारण जेल में बंदियों की संख्या में कमी आ रही है। उन्होंने कहा कि इससे यह संकेत मिलता है कि बंदी जागरूक हो रहे हैं और अपराध से दूर रहने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। इसी उद्देश्य से प्रत्येक महीने जेल अदालत का आयोजन किया जाता है।
उन्होंने यह भी बताया कि जिन लोगों के मामले न्यायालय में लंबित हैं, उन्हें मुफ्त अधिवक्ता और कानूनी सलाह की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।
स्वास्थ्य जांच शिविर में हुई विभिन्न जांच
अनुमंडलीय अस्पताल के चिकित्सक डॉ. शंभू कुमार ने कहा कि सभी को स्वतंत्रता से जीने का अधिकार है, लेकिन प्रत्येक व्यक्ति को कानून का पालन भी करना चाहिए।
मेडिकल कैंप में बंदियों की सामान्य स्वास्थ्य जांच के साथ-साथ आंख और दांत की जांच भी की गई।
दहेज अधिनियम की दी गई जानकारी
पैनल अधिवक्ता पांडव कुमार पांडेय ने कहा कि जेल में बंदियों को किसी भी प्रकार की समस्या होने पर उसकी जानकारी मिलते ही समाधान का प्रयास किया जाता है।
उन्होंने दहेज अधिनियम की जानकारी देते हुए कहा कि दहेज लेना और देना दोनों अपराध हैं।
जेलर ने आत्मसुधार का दिया संदेश
कार्यक्रम में स्वागत भाषण देते हुए जेलर आशीष कुमार ने कहा कि बंदियों को यहां से स्वयं में सुधार कर समाज की मुख्यधारा में आगे बढ़ने का प्रयास करना चाहिए।
कार्यक्रम का मंच संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन अधिवक्ता सुभाष कटरियार ने किया। इस अवसर पर सूरज मोदी, मदन प्रजापति, संजय मंडल, इस्तियाक अंसारी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
